हिमाचल प्रदेश के मंडी में भूस्खलन की चपेट में आने से मरने वालों की संख्या 46 हो गई है. हादसा इतना भयानक है कि अभी और लोगों के दबे होने की आशंका जताई जा रही है. रविवार देर शाम तक रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद राहत बचाव का काम रोक दिया गया है. सोमवार सुबह एक बार फिर रेस्क्यू शुरू किया जाएगा.
ये हादसा शनिवार देर रात हुआ था. जब एक बस चंबा से मनाली जा रही थी, जबकि दूसरी मनाली से जम्मू की तरफ जा रही थी. बताया जा रहा है कि मंडी-पठानकोट राजमार्ग पर कोटरूपी के पास रोडवेज की दो बसें रुकी हुई थीं. इसी दौरान बादल फटने और भूस्खलन के चलते एक बड़ा पत्थर मनाली से कटरा जाने वाली बस के ऊपर आ गिरा. जिसके चलते ये बस लुढ़कते हुए 200 मीटर गहराई में जा गिरी.
वहीं मनाली जाने वाली बस पूरी तरह पानी में बह गई. पानी का बहाव इतना तेज था कि बस खाई में जा गिरी. बताया जा रहा है कि ये पूरी बस यात्रियों से भरी थी. रविवार पूरा दिन सेना और स्थानीय प्रशासन राहत बचाव में जुटा रहा. देर शाम होने तक खाई से 46 शवों को बाहर निकाला जा चुका है. जबकि अभी और लोगों के फंसे होने की आशंका जताई जा रही है.
