दिल्ली सरकार जल्दी ही यहां रहने वाले किराएदारों को सौगात देने की तैयारी में है. बेंगलुरु जाने से पहले दिल्ली CM केजरीवाल की अध्यक्षता में बैठक हुई थी जिसमें बिजली विभाग ने यह सुझाव दिया कि किराएदारों को अलग से पॉर्टेबल मीटर लगवाने की छूट दी जाए. इससे एक ही इमारत में रहने वाले कई किराएदारों को लाभ होगा और उन्हें अपने इस्तेमाल के अनुसार ही बिजली बिल चुकाना होगा.
केजरीवाल सरकार सितंबर तक इस व्यवस्था को शुरू करने की तैयारी में है. इस व्यवस्था को लागू करने के लिए इलेक्ट्रिसिटी रेग्युलेटरी कमिशन की मंजूरी लेना जरूरी है.
दिल्ली में रहने वाले किरायेदारों ने इस संबंध में कई बार सीएम अरविंद केजरीवाल से मांग की थी. किराएदारों का कहना था कि मालिक किरायेदारों को बिजली में छूट का फायदा नहीं लेने देते. आपको बता दें कि महीने में 400 यूनिट से कम बिजली इस्तेमाल करने पर दिल्ली सरकार बिजली बिल में उपभोक्ताओं को 66 प्रतिशत तक की सब्सिडी देती है.
पोर्टेबल मीटर की पॉलिसी का सबसे ज्यादा फायदा मिडिल क्लास को होगा. अन्य राज्यों से आए अधिकांश लोग दिल्ली में काम करने के लिए किराए के मकान में रहते हैं. इसके साथ ही इस पॉलिसी का फायदा जेजे क्लस्टर कॉलोनी और कच्ची कॉलोनी में रहने वाले लोगों को भी होगा. आपको बता दें कि इन्हीं इलाकों में अरविंद केजरीवाल का सबसे बड़ा वोट बैंक भी है.
